ज्ञानविधि ज्ञानी पुरुष की उपस्थिति में आत्मज्ञान (आत्म-साक्षात्कार) प्राप्त करने का एक वैज्ञानिक प्रयोग है। आत्मज्ञान द्वारा आत्मा और मन, वाणी व शरीर के बीच स्थायी रूप से भेद रेखा डल जाती है।
2 घंटे लगेंगे
व्यक्तिगत रूप से उपस्थिति अनिवार्य है
किसी पूर्व या अन्य ज्ञान की आवश्यकता नहीं है
यह ज्ञानविधि निःशुल्क है
अपने सच्चे स्वरूप को पहचानें!
ज्ञानविधि की वैज्ञानिक प्रक्रिया द्वारा अपने सच्चे स्वरूप को पहचानिए और अपने आत्मा का अनुभव करें।
ज्ञानी पुरुष के माध्यम से सीधा अनुभव
आत्मज्ञान ज्ञानी पुरुष की कृपा से मिलता है। यह बुद्धि द्वारा समझ में नहीं आएगा, बल्कि अनुभव है।
सांसारिक जीवन छोड़ने की ज़रूरत नहीं
आपको अपनी ज़िम्मेदारियाँ या रिश्ते छोड़ने की ज़रूरत नहीं है। आप आत्म-जाग्रति में रह कर अपनी नौकरी या बिजनेस, परिवार के साथ रहकर अपने कर्तव्य निभा सकते हैं।
सरल और कम समय में
आज की भागदौड़ भरी ज़िंदगी में लंबी साधनाएँ कठिन हैं। ज्ञानविधि 2 घंटे की सरल विधि है जो तुरंत अनुभव देती है।
सीधी सरल स्पष्टता
इस विधि से दो मुख्य बातें समझ में आ जाती हैं:
"मैं कौन हूँ?"
"कर्ता (करने वाला) कौन है?"
इससे आतंरिक उलझनें दूर होती हैं और जीवन में स्पष्टता आती है।
नहीं, आपको अपना धर्म, गुरु या परंपरा बदलने की कोई ज़रूरत नहीं है।
जी हाँ, ज्ञानविधि ज्ञानी की कृपा और आशीर्वाद का फल है अतः इसके लिए आपका आना ज़रूरी है।
टी.वी., वीडियो या किताबों से जानकारी मिल सकती है, आपको शांति मिल सकती है लेकिन आत्मज्ञान प्राप्ति के लिए आपका आना ज़रूरी है।
जैसे किताब में छपा हुआ दीया रोशनी नहीं दे सकता, रोशनी के लिए जलता हुआ असली दीपक ही चाहिए।
इस अमूल्य अनुभव को पाने के लिए, भीतर “परम विनय” और “मैं कुछ नहीं जानता” का भाव लेकर आना।